रुद्रपुर। अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर जनाक्रोश थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को रुद्रपुर कलेक्ट्रेट घेराव के दौरान भारी संख्या में लोग सड़कों पर उतरे और “अंकिता भंडारी को न्याय दो” के नारे गूंजते रहे। महिलाओं, युवाओं, सामाजिक संगठनों और विभिन्न जनप्रतिनिधियों की बड़ी भागीदारी के चलते पूरा क्षेत्र जनसैलाब में तब्दील नजर आया।

प्रदर्शनकारियों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर दोषियों को कठोरतम सजा, मामले की निष्पक्ष जांच और कथित वीआईपी की पहचान उजागर करने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि जब तक पीड़िता को न्याय नहीं मिलता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने राज्य में महिला सुरक्षा पर सवाल उठाते हुए सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग की।
घेराव के मद्देनज़र प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने की अपील की। बाद में प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्ट्रेट में ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगें दर्ज कराईं।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह आंदोलन केवल एक मामले तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों के विरोध में एक निर्णायक लड़ाई है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
