नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने मंगलवार को औपचारिक रूप से पदभार ग्रहण कर लिया। वे भाजपा के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष बने हैं और 45 वर्ष की आयु में पार्टी के सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने का गौरव भी प्राप्त किया है। इससे पूर्व यह पद जगत प्रकाश नड्डा के पास था।
दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में आयोजित ‘ताजपोशी’ समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। इस अवसर पर प्रधानमंत्री मोदी ने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष का स्वागत करते हुए कहा, “नितिन नबीन मेरे बॉस हैं, मैं एक कार्यकर्ता हूं।” उन्होंने कहा कि नितिन नबीन की युवा ऊर्जा और संगठन के प्रति समर्पण से पार्टी को नई मजबूती मिलेगी।
प्रधानमंत्री मोदी ने भाजपा की संगठनात्मक शक्ति का उल्लेख करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी आज दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी है, जिसके पास 240 लोकसभा सीटें हैं और देश के कई राज्यों में सरकारें हैं। उन्होंने नितिन नबीन को “नई पीढ़ी का प्रतिनिधि” बताते हुए विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में पार्टी और अधिक सशक्त होगी।
पीएम मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष को अपने पतन की जिम्मेदारी स्वयं लेनी चाहिए, जबकि भाजपा विकास और सेवा के मार्ग पर अडिग है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि आगामी चुनावों को ध्यान में रखते हुए नितिन नबीन के नेतृत्व में संगठन का और विस्तार करें।
भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रक्रिया 19 जनवरी को पूरी हुई थी, जिसमें केवल नितिन नबीन का ही नाम प्रस्तावित हुआ। किसी अन्य उम्मीदवार के न होने के कारण उन्हें निर्विरोध चुना गया। 20 जनवरी को भाजपा मुख्यालय में आयोजित समारोह में पार्टी के राष्ट्रीय रिटर्निंग अधिकारी डॉ. के. लक्ष्मण ने चुनाव परिणाम घोषित कर नितिन नबीन को प्रमाण-पत्र सौंपा।
इस अवसर पर अमित शाह, राजनाथ सिंह, जेपी नड्डा, नितिन गडकरी सहित कई केंद्रीय मंत्री और वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। प्रधानमंत्री मोदी ने नितिन नबीन को माला पहनाकर उनका अभिनंदन किया।
समारोह के दौरान ईटीवी भारत से बातचीत में केंद्रीय मंत्री सीआर पाटिल ने कहा कि भाजपा निरंतर नई ऊंचाइयों को छू रही है। उन्होंने कहा कि नए राष्ट्रीय अध्यक्ष युवा और ऊर्जावान हैं, और उनके नेतृत्व में पार्टी और भी बड़ी उपलब्धियां हासिल करेगी। पाटिल ने दावा किया कि भाजपा के लिए किसी भी राज्य में कोई चुनौती नहीं है और आगामी चुनावों में पार्टी नए अध्यक्ष के नेतृत्व में जीत दर्ज करेगी।

