रक्षाबंधन के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में प्रदेशभर से आई बहनों ने रक्षा सूत्र बांधा और उनके स्वस्थ, सुखी एवं दीर्घायु जीवन की कामना की। मुख्यमंत्री ने सभी बहनों का आत्मीय स्वागत करते हुए प्रदेशवासियों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रक्षाबंधन भाई-बहन के स्नेह, विश्वास और सुरक्षा के संकल्प का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की मातृशक्ति का स्नेह और आशीर्वाद उन्हें राज्य की सेवा तथा विकास के लिए निरंतर नई ऊर्जा प्रदान करता है। उन्होंने मातृशक्ति को परिवार, समाज और राष्ट्र निर्माण की मजबूत आधारशिला बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और आर्थिक सशक्तीकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने महिला आरक्षण, उज्ज्वला योजना, लखपति दीदी अभियान, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना तथा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ जैसी योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इनसे महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है।
उन्होंने बताया कि उत्तराखंड सरकार भी महिलाओं के स्वावलंबन के लिए लगातार कार्य कर रही है। राज्य सेवाओं में महिलाओं को 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण दिया जा रहा है तथा स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से स्थानीय उत्पाद, कृषि, हस्तशिल्प और स्वरोजगार को बढ़ावा दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में 3.09 लाख से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं। मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना, महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तीकरण योजना और मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना के जरिए महिलाओं को आजीविका एवं रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
इस अवसर पर श्रीमती गीता पुष्कर धामी, विधायक सविता कपूर, आशा नौटियाल, भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट सहित प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से आई मातृशक्ति उपस्थित रही।
