देहरादून, 2 नवंबर 2026। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में ‘देवभूमि परिवार पोर्टल’ का शुभारंभ किया। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने ‘विकसित उत्तराखंड विजन-2047’ दस्तावेज का विमोचन भी किया। सरकार की इन पहलों का उद्देश्य सुशासन को मजबूत करना और प्रदेश के विकास को दीर्घकालीन दिशा देना है।
एक परिवार, एक पहचान, एक प्लेटफॉर्म
देवभूमि परिवार पोर्टल के माध्यम से प्रदेश के परिवारों का एकीकृत डिजिटल डेटाबेस तैयार किया जाएगा। पोर्टल पर पंजीकरण के बाद प्रत्येक परिवार को एक विशिष्ट देवभूमि परिवार आईडी प्रदान की जाएगी।
इस व्यवस्था के तहत परिवार और उसके सदस्यों की सामाजिक एवं आर्थिक जानकारी एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होगी। इससे सरकारी योजनाओं के पात्र लाभार्थियों की पहचान करना और योजनाओं का लाभ जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचाना आसान होगा।
सरकारी योजनाओं का लाभ मिलेगा अधिक पारदर्शी तरीके से
मुख्यमंत्री ने कहा कि कई बार पात्र लोग जानकारी के अभाव में सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं उठा पाते। अलग-अलग विभागों में बार-बार दस्तावेज जमा करने की समस्या भी सामने आती है।
पोर्टल के माध्यम से लाभार्थियों के सत्यापन, योजनाओं में दोहराव रोकने और विभागों के बीच बेहतर समन्वय में मदद मिलने की उम्मीद है। सरकार का लक्ष्य सरकारी सेवाओं को सरल, पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित बनाना है।
विकसित उत्तराखंड विजन-2047 का भी विमोचन
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर ‘विकसित उत्तराखंड विजन-2047’ दस्तावेज भी जारी किया। इसमें लगभग 440 संकेतकों के आधार पर प्रदेश के विकास के लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं।
सरकार के अनुसार, यह विजन राज्य को वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य में महत्वपूर्ण योगदान देने और उत्तराखंड को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करने की दिशा में मार्गदर्शन प्रदान करेगा।
