देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने पीआरडी (प्रांतीय रक्षक दल) स्वयंसेवकों के हित में बड़ा फैसला लिया है। अब ड्यूटी या प्रशिक्षण के दौरान घायल अथवा बीमार होने वाले पीआरडी स्वयंसेवकों को अस्पताल में भर्ती रहने की अवधि के दौरान भी मानदेय दिया जाएगा।
युवा कल्याण मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप यह नई व्यवस्था पूरे प्रदेश में लागू कर दी गई है। शासन की ओर से इसके लिए मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) भी जारी कर दी गई है।
नई व्यवस्था के तहत अस्पताल में भर्ती रहने की अवधि को भी ‘ऑन ड्यूटी’ माना जाएगा और पात्र स्वयंसेवकों को अधिकतम 180 दिनों तक मानदेय का लाभ मिलेगा। सरकार का कहना है कि इस निर्णय से पीआरडी स्वयंसेवकों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी और वे अधिक आत्मविश्वास के साथ अपनी सेवाएं दे सकेंगे।
