मुख्य सचिव श्री आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में सोमवार को सचिवालय में सचिव समिति की बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में मुख्य सचिव ने सचिवगणों के साथ विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा करते हुए आवश्यक दिशानिर्देश जारी किए।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि अगले वित्तीय वर्ष में कराए जाने वाले नए कार्यों के लिए 15 फरवरी तक सभी आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त कर ली जाएं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विभाग अपने कार्यों का वार्षिक कैलेंडर तैयार कर उसी के अनुरूप गतिविधियों का संचालन सुनिश्चित करे।
उन्होंने कुम्भ मेला–2027 से संबंधित कार्यों को प्राथमिकता पर लेने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी प्रकार की स्वीकृतियां और प्रक्रियाएं निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण की जाएं।
मुख्य सचिव ने खाद्य सुरक्षा के मापदण्डों के प्रवर्तन और निगरानी को और मजबूत करने के निर्देश दिए। इसके लिए टेस्टिंग लैब की संख्या बढ़ाने और संबंधित मामलों के निस्तारण में तेजी लाने को कहा।
उन्होंने पूंजी निवेश हेतु राज्यों को दी जाने वाली विशेष सहायता के अंतर्गत सभी प्रोजेक्ट्स को गतिशक्ति पोर्टल पर अपलोड करने और तय समय में कार्य पूर्ण कराने के लिए निरंतर निगरानी के निर्देश दिए।
जन-जन की सरकार कार्यक्रम की सफलता को देखते हुए मुख्य सचिव ने तहसील दिवस एवं थाना दिवस को वर्षभर नियमित रूप से आयोजित किए जाने हेतु कार्ययोजना तैयार करने को कहा।
उन्होंने बताया कि ई-ऑफिस प्रणाली को मुख्यालयों एवं जनपद स्तरीय कार्यालयों में लागू किए जाने की प्रगति की समीक्षा प्रत्येक सचिव समिति की बैठक में की जाएगी।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि नक्शा पास करने वाली सभी ऑथॉरिटीज, नक्शा स्वीकृत होने के बाद उसकी जानकारी संबंधित स्थानीय निकायों के साथ साझा करें, जिससे प्रॉपर्टी से संबंधित डाटाबेस को अद्यतन किया जा सके।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि लेबर कंप्लायंस टूल एक प्रभावी पहल है और इसे प्रदेशभर में लागू किया जाना चाहिए, ताकि श्रमिकों से जुड़ी समस्याओं का समाधान सरलता से हो सके।
बैठक में प्रमुख सचिव एवं सचिव स्तर के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
