पौड़ी गढ़वाल: मुख्य विकास अधिकारी अशोक जोशी ने शनिवार को विकास भवन सभागार में सारा (Spring and River Rejuvenation Authority) की समीक्षा बैठक आयोजित कर जल स्रोतों के संरक्षण, पुनर्जीवन तथा एक जनपद-एक नदी कार्यक्रम की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने सभी विभागों को बेहतर समन्वय के साथ निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध पूरा करने के निर्देश दिए।
बैठक में कन्वर्जेंस कार्ययोजना की समीक्षा करते हुए सीडीओ ने वन विभाग तथा विकासखंड पाबौ और थलीसैंण को संशोधित कार्ययोजना शीघ्र उपलब्ध कराने को कहा। वहीं दोनों विकासखंडों के खंड विकास अधिकारियों को 6 सितंबर तक विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
सीडीओ ने वर्षा आधारित नदियों, गदेरों, जलधाराओं और प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण के लिए तैयार उपचार योजनाओं की गुणवत्ता पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे संरक्षण कार्य दीर्घकाल में जनहितकारी सिद्ध होते हैं, इसलिए उनकी उपयोगिता, गुणवत्ता और धरातलीय प्रभाव सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
उन्होंने निर्देश दिए कि सारा योजना के तहत मनरेगा से होने वाले कार्य 15 सितंबर से मिशन मोड में संचालित किए जाएं। साथ ही संबंधित विभाग नियमित एमपीआर सारा कार्यालय को उपलब्ध कराएं, स्वीकृत कार्यों को समानांतर पूरा करें तथा पूर्ण योजनाओं के उपयोगिता प्रमाण पत्र समय पर प्रस्तुत करें।
बैठक में उपनिदेशक जलागम अजय कुमार, जिला विकास अधिकारी रमेश चंद, उप प्रभागीय वनाधिकारी आयशा बिष्ट एवं राखी जुयाल, जिला उद्यान अधिकारी मनोरंजन भंडारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
