पौड़ी: जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला कार्यालय के विभिन्न पटलों के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी प्रकरण को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए तथा प्रभावी फॉलोअप के माध्यम से सभी मामलों का शीघ्र निस्तारण किया जाए।
बैठक में जिलाधिकारी ने मुख्य प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देशित किया कि एक सप्ताह बाद अधीनस्थ पटलों का निरीक्षण कर 31 अगस्त 2026 तक के सभी लंबित प्रकरणों का निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने पुराने मामलों की नियमित निगरानी, अप्राप्त आख्या के लिए दूरभाष से फॉलोअप तथा लगातार अनुस्मारक के बावजूद आख्या न मिलने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की संस्तुति करने को कहा।
उन्होंने आपदा संबंधी प्रकरणों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने, मरम्मत हो चुकी पटवारी चौकियों में राजस्व उपनिरीक्षकों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा सभी अभिलेखों एवं फाइलों को अद्यतन रखने के निर्देश दिए। साथ ही विभागों की मासिक प्रगति रिपोर्ट समय पर प्रस्तुत करने पर भी जोर दिया।

राजस्व न्यायालय के आदेशों के बाद एक सप्ताह के भीतर खतौनी में अमलदरामद सुनिश्चित करने तथा उपजिलाधिकारी स्तर से इसकी नियमित निगरानी और रैंडम चेकिंग के निर्देश भी दिए गए।
सेवानिवृत्त कर्मचारियों की पेंशन, ग्रेच्युटी, जीपीएफ एवं अन्य देयकों के लंबित मामलों पर नाराजगी जताते हुए जिलाधिकारी ने सभी विभागों से समीक्षा कर शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने एटीओ को लंबित मामलों की सूची तैयार करने तथा कोषागार में पेंशन सेल गठित करने के निर्देश दिए, ताकि सेवानिवृत्त कर्मचारियों की समस्याओं का त्वरित समाधान हो सके।
इसके अलावा पूर्व सैनिकों की समस्याओं के समाधान, स्टांप एवं आबकारी मामलों की मासिक बैठकें, खनन प्रकरणों की समीक्षा, विवेकाधीन कोष के पुराने मामलों का मिलान तथा ई-ऑफिस कार्यों की भी समीक्षा की गई।
बैठक में एडीएम एफ.आर. चौहान, प्रशिक्षु एसडीएम मीनाक्षी भाटिया, मुख्य प्रशासनिक अधिकारी कुसुम तड़ियाल, अजीत रावत सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
